मिला दुनिया का सबसे पुराना समुद्री दिशा सूचक यंत्र, इसी से की थी वास्को डी गामा ने भारत की खोज

Tuesday, 19 Mar 2019 03:35:51 PM
मिला दुनिया का सबसे पुराना समुद्री दिशा सूचक यंत्र, इसी से की थी वास्को डी गामा ने भारत की खोज

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इंटरनेट डेस्क। हाल ही में वैज्ञानिकों के एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। वैज्ञानिकों को दुनिया का सबसे पुराना एस्ट्रोलेब (समुद्री दिशा सूचक यंत्र) मिला है। ये वहीं दिशा सूचक यंत्र जिसकी मदद से पुर्तगाल के नाविक वास्को डी गामा ने 14वीं शताब्दी में भारत की खोज की थी। उन्होंने इस यंत्र का इस्तेमाल भारत की खोज के लिए अपनी दूसरी यात्रा के दौरान किया था। 


आपको जानकारी में बता दें, यह समुद्री दिशा सूचक यंत्र पुर्तगाली जहाज अरमाडा के मलबे के पास हुई खोदाई में मिला है। इसे गिनीज व‌र्ल्ड रिका‌र्ड्स ने दुनिया में अब तक का सबसे पुराना एस्ट्रोलेब बताया है। माना जा रहा है कि सोद्रे नामक इस यंत्र को 1496 से 1501 के बीच तैयार किया गया था। बता दें, अन्य समुद्री दिशा सूचक यंत्रों के मुकाबले यह काफी अलग है। प्राचीन समय के पुर्तगाल और स्पेन के नाविक  खोजी इसी यंत्र का इस्तेमाल किया करते थे। 

बताते चले, दुनिया में इस तरह के 104 एस्ट्रोलेब बताये जाते है। अरमाडा जहाज के मलबे के पास से मिले एस्ट्रोलोब 175 मिलीमीटर के व्यास वाला डिस्क है, जिसका वजन 344 ग्राम है। लेकिन अब यह पतला हो गया है। खास बात यह है कि इसपर पुर्तगाल का राष्ट्रीय चिन्ह भी बना हुआ था।

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